Share Market Rise: लगातार 3 दिनों की गिरावट के बाद शेयर बाजार में शानदार रिकवरी। सेंसेक्स 450 अंक उछला, निफ्टी 24650 के करीब पहुंचा। जानें आज बाजार में आई तेजी के 3 मुख्य कारण।
नई दिल्लीः भारतीय शेयर बाजार के निवेशकों ने आज राहत की सांस ली है। पिछले 3 दिनों से बाजार में जो लगातार गिरावट का दौर चल रहा था, उस पर आज 4 मार्च को ब्रेक लग गया। आज सुबह जैसे ही बाजार खुला, हर तरफ हरियाली नजर आई। शुरुआती कारोबार में ही सेंसेक्स 450 अंकों से ज्यादा उछल गया, वहीं निफ्टी भी 24650 के अहम स्तर के करीब पहुंच गया। पश्चिम एशिया में चल रहे तनाव के बावजूद बाजार का यह कमबैक निवेशकों के चेहरों पर खुशी ले आया है।
सुबह करीब 9:55 बजे के आंकड़ों पर नजर डालें तो सेंसेक्स 472.30 अंक (0.60 प्रतिशत) की छलांग लगाकर 79588.49 के स्तर पर ट्रेड कर रहा था। वहीं, निफ्टी 165.30 अंक (0.68 प्रतिशत) की मजबूती के साथ 24645.80 के लेवल पर पहुंच गया। इस तेजी के साथ ही बाजार में पिछले 3 दिनों से चल रही बिकवाली का सिलसिला टूट गया।
बाजार की शुरुआत इतनी अच्छी रही कि सभी 16 प्रमुख सेक्टोरल इंडेक्स हरे निशान में रहे। छोटे और मंझोले शेयरों में भी खूब खरीदारी हुई, जिससे मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स लगभग 1 प्रतिशत तक चढ़ गए। सबसे ज्यादा एक्शन फाइनेंशियल और कैपिटल मार्केट के शेयरों में देखने को मिला।
शेयर बाजार में आज की तेजी के 3 मुख्य कारण
आखिर ऐसा क्या हुआ कि अचानक बाजार दौड़ने लगा? आइए इसे 3 आसान पॉइंट्स में समझते हैं:
1. गिरावट के बाद सस्ते शेयरों में खरीदारी
पिछले 3 दिनों से बाजार टूट रहा था, जिसके कारण कई अच्छे शेयर सस्ते भाव पर मिल रहे थे। ऐसे में निवेशकों ने मौका देखकर निचले स्तरों पर जमकर खरीदारी की। खासकर ऑटो, मेटल और रियल्टी सेक्टर के शेयरों में सबसे ज्यादा दिलचस्पी दिखाई गई।
जियोजित इनवेस्टमेंट्स के वीके विजयकुमार के मुताबिक, मिडिल ईस्ट के तनाव और तेल डिपो पर हमलों की खबरों से बाजार में थोड़ा डर जरूर था। लेकिन, भारत का बाजार बाकी देशों के मुकाबले काफी मजबूत है। जहां एक तरफ साउथ कोरिया का कॉस्पी इंडेक्स 12 प्रतिशत गिर गया था, वहीं हमारा निफ्टी सिर्फ 1.5 प्रतिशत ही फिसला।
2. विदेशी बाजारों से मिले अच्छे संकेत
आज ग्लोबल बाजारों से बहुत पॉजिटिव खबरें मिलीं। एशियाई बाजारों में तगड़ी तेजी रही। साउथ कोरिया का कॉस्पी 10 प्रतिशत से ज्यादा उछल गया। इसके अलावा चीन और हांगकांग के बाजार भी बढ़त के साथ खुले। अमेरिकी बाजार भी बीती रात हरे निशान में बंद हुए थे।
इसके साथ ही एक बड़ी खबर यह आई कि ईरान युद्ध को रोकने के लिए अमेरिका के साथ अप्रत्यक्ष बातचीत को तैयार है। ऊपर से अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने तेल बाजार को स्थिर रखने का भरोसा दिया है। इन बातों ने दुनियाभर के निवेशकों का डर काफी कम कर दिया।
3. बाजार में घबराहट (Volatility) का कम होना
शेयर बाजार में निवेशकों के डर को मापने वाला इंडेक्स 'इंडिया VIX' आज लगभग 10 प्रतिशत टूटकर 19.04 के स्तर पर आ गया। इसका सीधा मतलब है कि जियोपॉलिटिकल टेंशन को लेकर निवेशकों के मन में जो घबराहट थी, वह अब काफी हद तक कम हो गई है और वे फिर से निवेश करने का रिस्क ले रहे हैं।
बाजार का टेक्निकल नजरिया: आगे क्या होगा?
जियोजित इनवेस्टमेंट्स के आनंद जेम्स का कहना है कि तमाम उतार-चढ़ाव के बावजूद बाजार ऊपर जाने की पूरी कोशिश कर रहा है। फिलहाल निफ्टी का अगला टारगेट 24840 माना जा रहा है। हालांकि, 24625 के आस-पास इसे थोड़ी रुकावट का सामना करना पड़ सकता है।
अगर किसी वजह से निफ्टी 24370 के नीचे खिसकता है, तो यह 24000 से लेकर 23550 तक भी गिर सकता है। लेकिन एक्सपर्ट्स का मानना है कि फिलहाल बाजार में किसी बड़ी गिरावट के चांस बहुत कम हैं।
(डिस्क्लेमर: यह जानकारी सिर्फ न्यूज़ और एजुकेशन के उद्देश्य से दी गई है। शेयर बाजार में निवेश बाजार के जोखिमों के अधीन है। MoneysutraHub.in यूज़र्स को सलाह देता है कि कोई भी इन्वेस्टमेंट का फैसला लेने से पहले किसी सर्टिफाइड एक्सपर्ट से सलाह लें।)

